तुम्हारे नाम से जीत का पैगाम आया है - instathreads

तुम्हारे नाम से जीत का पैगाम आया है

मेरे प्रिय बच्चे कैसे हो क्या चल रहा है

तुम्हारे मन में कैसी उदासी और कैसी

परेशानियां तुम्हें खाए जा रही हैं क्या

तुम्हें अंदाजा भी है कि तुम किस तरह के

विचारों को इस समय जन्म दे रहे

हो मेरे प्रिय मैं तुम्हारी विडंबना को

समझ रहा हूं तुम्हारी दुविधा हों को पूरी

तरह से देख पा रहा हूं और इसलिए आज तुम तक

यह संदेश पहुंच रहा

है यह कोई सामान्य संदेश नहीं है यह संदेश

प्रमाणिकता है कि तुम अब खुशियों के जीवन

में प्रवेश करने वाले

हो और तुम्हारे जीवन से समस्याओं का अंत

होने वाला है आज का दिन तुम्हारे लिए बहुत

पवित्र

है और आज के ही दिन तुम अपने जीत को

प्रारंभ कर पाओगे और इसके लिए तुम्हें इस

संदेश को पूर्णत अंत तक सुनता

है किसी भी परिस्थिति में चाहे जैसी भी

स्थिति हो तुम्हें इसे बीच में छोड़कर

जाने की भूल नहीं करनी

है मेरे प्रिय अब जो तुम्हें पता चलेगा उस

खुशी से तुम भूले नहीं

कमाओगे क्योंकि अब प्रचुरता तुम्हारे

समक्ष प्रकट होने वाली

है अब कुछ ऐसा होने वाला है जो तुम्हारे

विचारों से भी परे

है कुछ ऐसा जो तुम्हारी सभी परेशानियों को

समाप्त करने की क्षमता रखता है मेरे प्रिय

तुम्हारे जीत की आकाशवाणी तो पह पहले ही

हो चुकी

है अब यह संदेश तुम्हें संकेतों को प्रदान

करेगा संकेत जो तुम्हें उस मंजिल तक

पहुंचाएंगे उस मुकाम तक लेकर जाएंगे जहां

तुम्हें सब कुछ हासिल हो

सके तुम्हारे वर्षों की परिश्रम वर्षों की

प्रतीक्षा का परिणाम सामने आने वाला है

तुमने अपने जीवन में बहुत संघर्ष किया है

बहुत यातनाएं सही

है हर बार तुम्हें ठोकर लगी है हर बार तुम

हारे हो हर बार तुम गिरे हो टूटे हो बिखरे

हो किंतु एक चीज जो सदैव तुम में विराजमान

रही वो यह कि तुम चाहे कितना ही टूट चुके

हो चाहे कितना ही हार चुके हो किंतु

तुम्हारी हिम्मत सदैव बढ़ती रही तुम्हारी

चाहत सदर पहले से बेहतर होती ही

रही भले ही तुम्हारे सारे दरवाजे बंद हो

चुके हो भले ही चारों तरफ अंधेरा छा चुका

हो भले ही एक नए आयाम पूरे उम्मीदों से से

ध्वस्त हो चुके

हो लेकिन फिर भी एक चीज थी जिसकी वजह से

तुम जीवन जीते गए और वह तुम्हारी कभी ना

हार मानने

की जिद एक ऐसी जिद जो बेहतर है एक ऐसी जिद

जो सकारात्मक

है मेरे प्रिय हर किसी ने और हर ठोकर ने

तुम्हें नीचे ढकेल का ही कार्य किया

है वो जो तुम्हें धोखा देते रहे वह सदैव

चाहते थे कि तुम बिखर जाओ कि तुम थक कर

चूर हो जाओ लेकिन तुम हिम्मत नहीं हारे

तुमने साहस दिखाई चाहे कितनी ही पीड़ा

तुमने क्यों ना सही

हो लेकिन तुम हर समस्या से बाहर निकलने को

उताव हुए अब मेरी ऊर्जा एक स्त्री के रूप

में एक माता के रूप में तुम्हारे जीवन में

प्रवेश

करेगी एक ऐसी स्त्री जिससे तुम्हारा भले

ही कोई सरोकार ना हो किंतु उसके होने से

तुम अपने आसपास बदलाव को महसूस कर पाओगे

अब तुम्हारे जीवन में यह स्त्रीत की ऊर्जा

विचरण करेगी मेरे प्रिय यह मेरे ही द्वारा

भेजी जा रही

है यह ब्रह्मांड की नियति है वास्तव में

यही तुम्हारा भविष्य है यही तुम्हारा जीवन

है जो तुम्हारे पूरे जन्म पूर्ण कर जाएगा

अब यह तुम्हारे लिए प्रवेश कराया जा चुका

है तुम इस पर पूर्ण विश्वास दिखाओ और इस

विश्वास के साथ तुम आगे बढ़ते रहो अपने

विश्वास की पुष्टि करो मेरे प्रिय अपना

नाम दर्ज करो इस संदेश को लाइक करो और

अपना नाम अवश्य दर्ज

करो यह दर जाएगा कि तुम विश्वास करते हो

यह दर जाएगा कि तुम इस तृत्य के उस ऊर्जा

को अपने जीवन में अनुमति दे रहे हो पूर्णत

स्वीकृति प्रदान कर रहे

हो मेरे प्रिय उससे तुम्हारे बड़े-बड़े

परिवर्तन परिलक्षित होंगे किंतु इसकी

शुरुआत कुछ छोटे-छोटे परिवर्तनों से होगी

जो तुम्हें दिखाई तो नहीं देंगे लेकिन

उनका प्रभाव तुम अपने जीवन में प्रत्यक्ष

रूप से महसूस कर

पाओगे मेरे प्रिय तुम वहां पर पहुंचने

वाले हो जहां से हर कोई तुम्हारी प्रशंसा

ही करेगा जहां से समस्त संसार तुम्हें

अपने आधीन नजर

आएगा तुम उस ऊंचाई तक पहुंच जाओगे जहां

अन्य लोगों के लिए पहुंच पाना संभव नहीं

होगा मेरे प्रिय तुम्हारे पास सुख सुविधा

के प्रत्यक्ष साधन मौजूद

होंगे तुम्हारे पास ऐसी क्षमता होगी ऐसी

शक्ति होगी ऐसी ऊर्जा होगी और इतना धन

होगा जो तुम्हारी कल्पना से बहुत ज्यादा

है मनुष्य अपनी कल्पना के अनुसार अपने लिए

वरदान का निर्माण करता

है मनुष्य यदि धन की मांग करता है तो उसके

मस्तिष्क में एक सीमित एक निश्चित धन की

संख्या होती

है और वह जो पुण आत्मा होता है उसे यह

प्रदान कर दी जाती है किंतु वह इस महिमा

को समझ नहीं

पाता क्योंकि उसके मन मस्तिष्क में ही धन

की एक छोटी संख्या होती है वह जब कामना कर

रहा होता है तो वह सोचता है कि मुझे धन

मिल जाए किंतु कितना वह इसे कभी नहीं

कहता वह विचारों के माध्यम से तरंगों और

भावनाओं के माध्यम से इसे अपने मन में

सोचता है और वह जितनी मात्रा में उसे

सोचता है

लगभग उतनी ही मात्रा में धन उसे प्रदान कर

दिया जाता है किंतु वह उसके लिए काफी नहीं

होता पर्याप्त नहीं होता तब उसे लगता है

कि उसकी इच्छा पूर्ण ही नहीं हुई

है किंतु ऐसा नहीं होता इसी तरह से प्रेम

के बारे में इसी तरह से बेहतर स्वास्थ के

बारे में मनुष्य जो सोचता है उसे मिलता है

किंतु वह विचार नहीं कर

पाता कई बार वह विरोधा भाषी चीजें भी मांग

लेता है कई बार उसकी अपने ही मांग में

विरोधाभास उत्पन्न हो जाता

है जिसकी वजह से उसे कुछ भी प्रदान करना

संभव नहीं बन पाता और ऐसी परिस्थिति में

उसकी पुकार सुनकर भी अनसुनी कर दी जाती

है मेरे प्रिय तुम्हें अपने भीतर झांकना

होगा थोड़ा मूल्यांकन करना होगा यह देखना

होगा कि तुम जो मांग रहे हो वास्तव में

क्या तुम्हारे विचार भी उसकी पुष्टि कर

रहे हैं अथवा

नहीं य तुम्हारे विचार उससे विपरीत है

उससे अलग है तो वह पूर्ण होने में संदेह

है और यदि तुम्हारे विचार विरोधाभासी नहीं

है तुम्हारे विचार सामंजस्य पूर्ण है तो

निश्चित तौर पर तुम्हारी कोई भी कल्पना

कोई भी चाहत पूर्ण हो जाएगी इस संसार में

जितने भी जीव हैं उनका जीवन कुछ सीमित

नियमों के आधार पर ही चलता

है और जो जीव अपने नियम को नहीं जान पाता

अपने नियम के विरुद्ध कार्य करता है वह

कभी भी सफलता को अर्जित नहीं कर

सकता जैसे एक बड़ी मछली एक वल मछली वह

चाहे कितनी ही ताकतवर क्यों ना हो चाहे

कितने ही हाथियों को अपने भीतर क्यों ना

संभाले चाहे कितने बड़े-बड़े जीव को अपने

भीतर क्यों ना समाले चाहे वह कितना विशाल

क्यों ना हो जाए चाहे उसकी ताकत कितना ही

क्यों ना बढ़

जाए वास्तव में वह कुछ भी नहीं है

स्पष्टता यह अस्तित्व हीन है क्योंकि उसकी

सारी क्षमता उसकी सारी ताकत उसका सारा

बड़पन यह सब कुछ महासागरों के जल में ही

संभव

है इस धरती पर इस धरा पर उसका कोई भी

अस्तित्व नहीं बसता वास्तव में वह नगाड़े

है वहां उसका जीवन ही ना बचेगा इसलिए

तुम्हें भी यह ढूंढना होगा कि वह कौन से

नियम

है जिनके तहत तुम सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर

सकते हो और जो चीज वास्तव में तुम्हारे

जीव पर लागू ही नहीं होते उनके बारे में

विचार करना बंद कर

दो मेरे प्रिय बच्चे मेरी भावनाओं को समझो

इसकी गहराई में उतरो जो मैं तुमसे कह रहा

हूं यह कोई सामान्य बात नहीं है यह बस

तुम्हें यूं ही बता देने के लिए नहीं कहा

जा

रहा इसके पीछे एक बहुत बड़ी मंसा नहीं था

तुम उस व्यक्ति की क्षमता का ज्ञान नहीं

तुम वास्तव में समुद्र में छलांग लागने की

क्षमता रखते हो

किंतु तुम्हें अपने अस्तित्व का ज्ञान ही

नहीं तुम मैं के द्वारा मैं को ही ढूंढने

का निरर्थक प्रयत्न कर रहे हो यह प्रयत्न

कभी भी कारगर साबित नहीं हो

सकता वास्तव में यह प्रयत्न किसी भी काम

का नहीं है इसलिए तुम्हें मैं के द्वारा

मैं को ढूंढने का प्रयास नहीं करना चाहिए

जब तुम नियति की स्थिति में आ जाते

हो और नकारने की स्थिति में आ जाते हो

केवल तभी मैं को समझ पा पाते हो मैं कौन

हूं यह विचार चाहते हो तो सबसे पहले यह

जानो कि मैं कौन नहीं

हूं तो पहले स्वयं को नकारना प्रारंभ करो

या तुम्हें लगता है कि तुम कायर हो तो

विचार करो कि किन वजहों से तुम स्वयं को

कायर समझ रहे हो वो कौन से लोग

हैं यहां वह कौन सा पद है प्रतिष्ठा है

जिससे तुम अपने आप को जोड़ चुके हो जिन भी

चीजों से तुमने अपने आप को जोड़ लिया है

वो वही संसार द्वारा ही प्रदत

है इस संसार द्वारा ही बनाए गए हैं फिर

उनसे भला अपने आप को कैसे जोड़ सकते हो और

यह तुम्हारे दुख का कारण

है इसलिए तुम सर्वप्रथम उन सभी चीजों को

नकारना प्रारंभ करो जो स्वाभाविक रूप से

तुम्हें उत्पन्न नहीं हुई है मेरे प्रिय

बच्चे मैं तुम्हें अपने आप से दूर नहीं

जाने

दूंगा यह परिस्थिति कोई भी हो मैं सदैव

तुम्हारा साथ दूंगा मैं तुम्हें जीतते हुए

देखना चाहता हूं मैं अपने सीमाओं के भीतर

ऐसा सोचता हूं और मैं ऐसा इसलिए कह रहा

हूं क्योंकि तुम्हें भी ऐसा करना होगा हर

मनुष्य की हर देव की हर दानों की हर जीव

की सीमाएं अलग है तुम किसी से भी अपनी

तुलना नहीं कर

सकते यदि तुम अपने जीवन को बेहतर देखना

चाहते हो तो सर्वप्रथम तुम्हें अपनी सभी

प्रकार की तुलना हों को बंद करना होगा कोई

भी तुलना कारगर साबित हो ही नहीं

सकती तुम अलग हो तुम विशिष्ट हो जैसा

तुम्हें बनाया गया वैसा इस संसार में अब

दूसरा कोई बन नहीं सकता तुम स्वयं ही अपनी

महिमा को नहीं जानते लेकिन मैं सब कुछ देख

रहा

हूं मेरी दिव्य दृष्टि मुझे सारे दर्शन

करा रही है और मैं यह फक्र से कह सकता हूं

कि तुम महान हो तुम्हें आगे बढ़ने की चाह

है और जिस व्यक्ति में आगे बढ़ने की चाह

होती है

उसे भला जीतने से कौन रोक सका है तुम्हें

भी कोई रोक ना सकेगा मेरे प्रिय बच्चे

तुम्हारी जीत तो तय है तुम्हारी जीत को

टाला ही नहीं जा

सकता अब तो केवल इंतजार क्षण पलों का है

जिस पल में तुम्हारा आत्मविश्वास तुम्हें

चारों ओर से घेर ले जिस पल में तुम अपने

आत्मविश्वास के बलबूते बहुत प्रगति कर

सको जहां तुम्हारे भीतर किसी तरह की

तन्हाई किसी तरह की निराशा बिल्कुल भी ना

बचे मेरे प्रिय बच्चे तुम्हें जो समय दिया

जा रहा है यह अमूल्य

है इसके महत्व को समझो और इसके महत्व का

निचोड़ निकालो मेरे प्रिय बच्चे मैं

तुम्हें इस संसार में जिताने आया हूं और

मैं तुम्हें सदैव जीतते हुए ही देखना

चाहता

हूं इसलिए सदा मेरी यही कामना रही है कि

चाहे परिस्थिति कैसी भी हो तुम्हें कोई

तकलीफ क्यों ना आए चाहे हर कोई तुम रे

खिलाफ क्यों ना हो

जाए तब भी तुम पर कोई हानि ना पहुंचे मेरे

प्रिय बच्चे मेरी बातों की भावनाओं को

बहुत ध्यानपूर्वक सुनो इसमें कहीं एक एक

बात तुम्हारे लिए बहुत महत्त्वपूर्ण स्थान

रखती

है तुम्हारे जीवन के लिए इसका अपना एक

महत्व है मेरे प्रिय वह लोग जो तुम्हें

डरा धमका रहे हैं उनका अपना कोई अस्तित्व

नहीं

है वह नहीं चाहते कि तुम प्रगति करो इसलिए

तुम रे साथ कई बार अमानवीय व्यवहार करते

हैं और तुम्हें नीचे गिराने का प्रयत्न

करते

हैं किंतु वह अपने प्रयास में कभी सफल हो

ही नहीं सकते यह उनकी भूल है कि वह अपने

प्रयास में सफल हो जाएंगे मेरे प्रिय

तुम्हारे जीत को अब टाला भी नहीं जा

सकता तुम खुशियों के बादलों में तैरने

वाले हो मेरे प्रिय इस तरह से तैरने के

लिए स्वयं को तैयार कर लो तुम्हारी जीत

बहुत तेजी से तुम्हारी ओर बढ़ रही

मैं चाहता हूं कि तुम अपने आत्मविश्वास को

किसी भी हाल में कमजोर ना होने दो तुम इस

संसार में जो भी बांटते हो बदले में वही

प्राप्त करते

हो चाहे कुछ भी हो जाए कभी भी नफरत मत

बांटना प्रेम धन सौ हार्थ जितना बांटो

उतनी दुगनी तेजी से वह बढ़ने लगता है

इसलिए तुम यह बांटना प्रारंभ

करो तो प्रेम सौहार्द धन यह दान देने की

सबसे बढ़िया चीजें है इस पर अपना ध्यान

लगाओ मेरे प्रिय मेरे आने वाले संदेशों की

प्रतीक्षा करना मैं अवश्य आऊंगा तुम्हारा

मार्ग दर्शन कर तुम्हें जीत दिलाने के लिए

तुम्हारे जीवन को खुशियों से भर देने के

लिए तुम्हारे जीवन से सभी शिकायतों को सभी

समस्याओं को समाप्त कर देने के

लिए मैं अवश्य आऊंगा सदा सुखी रहो

तुम्हारा कल्याण होगा

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