सोचा नहीं होगा सिर्फ 10 मिनट में होगा चमत्कार | दुर्गा भजन वंदना - Mata Rani Bhajan | Shiv Shakti - instathreads

सोचा नहीं होगा सिर्फ 10 मिनट में होगा चमत्कार | दुर्गा भजन वंदना – Mata Rani Bhajan | Shiv Shakti

[संगीत]

ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ साधी

शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

[संगीत] नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वाथ साध के शरण तमके गौरी

नारायण नमस्ते ओम सर्व मंगल

मांगल्य शिवी सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी नमोस्तुते

सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

[संगीत] शिवे सर्वात

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवे सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के

शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधिके शरण तंब के गौरी नारायणी नमोस्तुते

ओ सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिव सर्वात साध के शरण तंब के गौरी

नारायणी नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य

शिवी सर्वार्थ साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिक शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ साधिके

शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी नमोस्तुते ओ

सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मंगल शिवी सर्वार्थ साधि की शरण त्रयंबके

गौरी नारायणी नमोस्तुते ओ सर्व मंगल

मांगल्य शिव सर्वात साधिक शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

[संगीत]

[संगीत] सर्वात साध के शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिव सर्वात साध के शरण त्रंबकेश्वर

[संगीत] शिव सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिक शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते [संगीत]

ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वार्थ

साधिके शरण तमिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वाथ

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवे सर्वार्थ

साधिक शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्रयंबके

गौरी नारायणी नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी नमोस्तुते

ओ सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

शिवी सर्वार्थ साधिके शरण त्रिंबक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वार्थ साधि

शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण तं के गौरी

नारायणी नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव

सर्वार्थ साधिके शरण त्र्यंबके गौरी

नारायणी नमोस्तुते ओ सर्व मंगल

मांगल्य शिवे सर्वात साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण दंब के गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्रयंबके

गौरी नारायण नमोस्तुते ओम सर्व मंगल

मांगल्य शिवी सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात साधिक

शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण तंब के गौरी नारायणी नमोस्तुते

ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वार्थ

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवे सर्वार्थ

साधिक शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्रयंबके

गौरी नारायणी नमोस्तुते सर्व मंगल

मांगल्य शिवी सर्वार्थ साधिके शरण दमिक गौरी नारायणी नमोस्तुते ओ

सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधि शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मंगल शिवे सर्वार्थ साधि

शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्रयंबके

गौरी नारायणी नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवे

सर्वार्थ साधिके शरण तंब गौरी

नारायणी नमोस्तुते सर्व मंगल

मांगल्य शिवे सर्वात साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रंबकेश्वर

सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण तमके गौरी नारायणी नमोस्तुते

ओम सर्व मंगल मंगल शिव सर्वार्थ

साधि शरण त्र्यंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शव सर्वात साध के शरण त्रंबकेश्वर

[संगीत]

[संगीत]

शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

[संगीत]

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्र के

गौरी नारायणी नमोस्तुते ओम सर्व मंगल

मांगल्य शिवे सर्वार्थ साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरणे त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण तमके गौरी नारायणी

नमोस्तुते तुम सर्व मंगल मंगल शिव सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य

सर्वात साध के शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके रण्य त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधि शरण त्रंबकेश्वर नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण त्रयंबके

गौरी नारायणी नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधिके शरण दमिक गौरी नारायणी नमोस्तुते ओ

सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य

सर्वार्थ साधि शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवे सर्वार्थ

साधि शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्मा साध के शरण त्र के गौरी

नारायण नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधि शरण त्रिक गौरी

नारायणी नमोस्तुते सर्व मंगल

मांगल्य शिवे सर्वात साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रिकी गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रंबकेश्वर [संगीत]

[संगीत]

[संगीत] सर्वात साध के शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमस्ते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्र्यंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओ सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल्य शिवी

सर्वार्थ साधि शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायण

नमोस्तुते ओम सर्व मंगल मांगल शिवे सर्वार्थ

साधिक शरण त्रयंबके गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिव सर्वात साध के शरण तम के गौरी

नारायणी नमोस्तुते मंगल मांगल्य शिवी सर्वार्थ

साधिके शरण त्रिक गौरी नारायणी

नमोस्तुते सर्व मंगल मांगल्य शिवे सर्वात

साधिके शरण त्रयंबके गौरी नारायण नमस्ते

[संगीत] [प्रशंसा]

ओम भूर भुवा स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि यो योना प्रो

दया ॐ भूर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य द

मही धियो योना [संगीत]

प्रचोदयात ओ भूर भुव स्वहा

[संगीत] स वितु वरेणम भर्गो

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात र भवा

स्वाहा तस वितुल

रेयम भर्गो देवस्य

महि धियो योना

प्रचोदयात ओ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि भियो योन

प्रचोदयात ॐ भूर भुव स्वाहा

तत्स वितु वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदयात ओ भू भुवा

स्वाहा तत्स विदव

यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओ भूव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि

यो योन प्रचोदयात ओ भू भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ [संगीत]

स्वाहा तत्स वितु

रेयम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ भुव

स्वाहा तत्स वितु [संगीत]

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना प्र

चोदया ओम भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवास

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भू भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमही ियो यो नाम [संगीत]

प्रचोदयात ॐ भूर भुव स्वाहा तत् सावितुर

वरेणम भर्गो देव स स्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओम बू भुव

स्वाहा तत्स वितुल

रेयम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओम ग भव

स्वाहा तत्स वितु [संगीत]

रेण भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदयात ओ भल भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवास धीमहि

धियो योन प्रचोदयात ओम गुर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो यो नाह

प्रचोदय ओ भ भवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओम भुव

स्वाहा तत्स वितुल अरेनियम

भर्गो देवस्य धीमहि ियो यो नाम

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योना [संगीत]

प्रचोदयात ॐ भुव

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवास

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओम गु भुव

स्वभ [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देव

धीमहि धियो योना [संगीत]

प्रचोदयात ॐ भूर भुव स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना प्रचोदय

ओ भूर भव स्वाहा त वितुल

रेयम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदय ओ भ भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओम गु भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि

यो योना प्रचोदयात ओ भू भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन प्रचोदयात

[संगीत] भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि दियो योन

प्रचोदयात ओ भू भुव

स्वहा तत्सवितुर्वरेण्यं

भर्गो देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ म भुव

स्वाहा तस वितुल हरे नियम

मनमो देवस्य धीमहि

योयो ना प्रचोदयात ओम भूर भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन [संगीत]

प्रचोदय ॐ भूर भुव स्वाहा

[संगीत] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

[संगीत]

प्रचोदयात भ भुवा स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ भू भुव

स तत्स वितु मरे

भर्गो देवस्य धीमहि यो योन

प्रचोदयात ओ भू भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवस्य धीमहि धियो नहा

प्रचोदयात ओ ब भव

स्वाहा त वितुल अरेनियम

मनमो देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदय ओ भूर भुवा स्वा

तत्स वितु वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदय ॐ गुर भुव

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्ग देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवा सधी महि धियो योन प्रो

[संगीत] ॐ भूर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य दी

महि धियो योना [संगीत]

प्रचोदयात ओ भूर भुव

स्वाहा त त

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ बोर भवा

साहा त वितुल

हरयम भर्गो देवस्य ही यो योना

प्रचोदयात ओ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वयम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

[संगीत] प्रचोदयात ओम भुर भुव

स्वाहा तत्स वितु [संगीत]

भरे भर्गो देवस्य

धीमहि ियो योना

प्रचोदयात ओम भुर भुवा

स्वाहा तत्स वितु वरे

भर्गो देवस्य धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओ दू भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि यो योन

प्रचोदयात ओ भू भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भ

स्वाहा तत्स वितुल

रेयम मनमो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुवा स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्ग देवास

धीमहि धियो योन

प्रचोदय ॐ बर भुव

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना प्रो

दया ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ भूर भुव

स्वाहा त वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य द

महि यो योना [संगीत]

प्रचोदयात ओ भूर भुव स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

महि धियो योना [संगीत]

प्रचोदयात बोर भवा स्वाहा त वितुल

हरयम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओम गुर गोव

स्वाहा तत्स वितु मरे

भर्गो देवस्य धीमहि यो योना

प्रचोदयात ओ भु भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि योन

प्रचोदयात ओ गुर भव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना [संगीत]

प्रचोदय ओ भ भ

स्वाहा [प्रशंसा]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ ब भव

स्वाहा त वितुल मयम

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदय ओम भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवास

धीमहि धियो योना प्र

चोदया ॐ भूर भुव

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुव

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवास

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओम भूर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमही धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुव स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योनहा

प्रचोदयात ओ भुव

स्वाहा तस वितुल

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि ियो योना

प्रचोदयात ओम भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओम गु भुव

स्वाह तत्स वितु [संगीत]

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

[संगीत]

[प्रशंसा] प्रचोदयात ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवास स

धीमहि धियो योन

प्रचोदय ॐ भूर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि ियो योना प्रचोदय

ॐ भूर भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भवा

साहा त वितुल

रेयम भर्गो देवस्य

धीमहि ियो योना

प्रचोदयात ओम भू भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवास धीमहि

धियो योन प्रचोदयात

ओ भुव स्वाहा

[संगीत] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भुवा

स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओम भूर भुव

स्वाहा तत्सवितुर्वरेण्यं [संगीत]

भर्गो देवस्य धीमहि ियो यो नाहा

[संगीत] प्रचोदय ओ भूर भुवा स्वाहा

[प्रशंसा] तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो

देवास धीमहि धियो योना महा

प्रचोदयात ओ भुव

स्वाहा तत्स वितुल हरे नियम

भर्गो देवस्य धीमहि धियो योना

[संगीत] तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ गु गव

स्वाहा तत्स वितु [संगीत]

वरेणम भर्गो देव सस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वित

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन प्रचोदय

[संगीत] ॐ भूर भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि जियो योना [संगीत]

प्रचोदय ओ भू भुवा स्वाहा त सवि

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भुव

स्वाहा तस वितुल

मयम भर्गो देवस्य धीमहि

यो योना प्रचोदयात ओम भू भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन प्रचोदयात

[संगीत] भ भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भुर भुवा

स्वाहा तत्सवितुर्वरेण्यं

[संगीत] भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ भूर भुव

स [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि ियो नम

प्रचोदय ॐ भू भुव

स्वहा [प्रशंसा]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओू भव स्वा

त वितुल रेयम

भर्म देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदय ओम गुर गुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

महि धियो योना प्रचोदय

ॐ भूर भुवा स्वाहा तत् वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओ भूर भव

स्वाहा तत्स तुर

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि यो योना

प्रचोदयात ओ भूर भुव स्वाहा तत्स वितु

वरेणम भर्गो देवस्य

महि धियो योना

प्रचोदयात ओ बोर भवा

स्वाहा त वितुल

मयम भर्गो देवस्य

धीमहि ियो योना प्रचोदयात

भू भुवा स्वाहा

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ओ गुर भव

स्वाहा तत्स वि दुर मरे

भर्गो देवस्य धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ भुर भुवा

स्वाहा तत्स वितु

वरेण्यम भर्गो देवास

धीमहि धियो योन

प्रचोदयात ॐ दू भुव

स्वाहा [संगीत]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो यो ना [संगीत]

प्रचोदय ओम भु भुवा

स्वाहा [प्रशंसा]

तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदयात ओ बर भुव

स्वाहा त वितुल

रेयम मर देवस्य

धीमहि धियो योना

प्रचोदय ॐ भूर भुवा

स्वाहा तत् वितु

वरेणम भर्गो देवास

धीमहि धियो योना प्रो

दया ॐ गुर गुव

स्वाहा तत् वितु

वरेण्यम भर्गो देवस्य

धीमहि धियो योना प्रचोदय

[संगीत]

[प्रशंसा] शिव प्रिया के रूप में पूर्ण नौ

अवतार प्यारे नौ दरबारों में दुर्गा का

दरबार जग जननी मां दुर्गे का नादी ना

अंत शक्ति बड़ी अनंत है महिमा बड़ी

अनंत दुर्गा भवानी देवी का हृदय अति

विशाल देवों की हित कारिणी दुष्टों की है

काल जहां जहां शिव शक्ति है वहां पर दुर्गे

मात दुर्गा मेरी मातेश्वरी शिव शंकर के

साथ दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हरि तत्काल

[संगीत] महाकाली के रूप में ले आई

अवतार शुंभ नि शुंभ वरत बीज का किहा

सार अन्न पूर्णा रूप में देती धान्य अनाज

कोई भूखा ना रहे सुखी रहे

समाज दुर्गा चंडी रूप में लागी मां

विकराल देव स्तुति कर रहे शक्ति तेरी

कमाल दुर्गा सौम्य रूप में आन बनी

हिंगलाज निज भक्तन की देवी ने राखी हर दम

लाज दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर तत्काल

[संगीत]

[प्रशंसा] विंद वासिनी रूप में विंद चल पे

वास शरण पड़े जो आन के पूरण करती

आस महालक्ष्मी रूप में दुर्गा भरे भंडार

विष्णु प्रिया जानिए देती धन

अपार सरस्वति के रूप में मां दुर्गा को

जान कला साहित्य साथ में देती ज्ञान

विज्ञान अंबा या अंबिका बनती दुर्गा

मात कृपा की बरसात हो बनती बिगड़ी

बात दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

[संगीत] तत्काल दुर्गा माही

अंजनी हनुमान सा लाल सेवक है जो राम के रंग सिंदूरी लाल ही

लोक परलोक को दुर्गा दे सुधार श्री चरण को

पूजिए बेड़ा होगा पार पाप धरा पे जब बढ़े होता है उ

देवों के संग दुर्गा भी लेती है

अवतार भक्ति के रसपान से छाए रंग

उमंग शिव आए जिस रूप में दुर्गाई

संग दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

[संगीत]

[प्रशंसा] तत्काल दुर्गा मां महाकाली थी शंभु बने

महाकाल भक्तों के हित करने को जोड़ी अति

कमाल दुर्गा माही तारा थी जाने सब

संसार तारकेश्वर रूप में शंभू का

अवतार दुर्गा ही भुवनेश्वरी धर के

रूप बाबा भोलेनाथ का भुवनेश

स्वरूप दुर्गा माही सोड श शिव सोडस

अवतार भय में कापे दुष्ट जन भक्तों की

जयकार दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दया विपदा हर

[संगीत] तत्काल बनी भैरवी दुर्गा मा भैरव

भोलेनाथ शीश झुकाए चरणन में जोड़े रहिए

हाथ दुर्गा ही छिन्न मस्त का है छिन्न मस्त का

भगवान भीड़ पड़ी में भक्तों को देती है

वरदान दुर्गा माही धूमावती बन करती

कल्याण शिव सदा रक्षा करें भक्तों धरिए

ध्यान दुर्गा माही बगला मुखी य पूजा

पाठ बगला मुख के रूप में भोले ला दे

ठाठ दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर तत्काल

[संगीत]

[प्रशंसा] दुर्गा मा मातंगी है मातंग

भोलेनाथ शरण झुकाई शीष को हो जाए करामा

दुर्गा भवानी भगवती काटे पाप का

मूल मैया जी के नाम को कभी ना जाना

भूल दुर्गा शक्ति पीठ ही जानो परम

धाम ऐसी कृपा होएगी बन जाए सब

काम कोई मनौती मांगिए दुर्गा के

दरबार भक्ति भावना देख के माता करे

उपकार दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर तत्काल

[संगीत] शक्ति पीठ की

मूर्तियां दुर्गा की प्रतीक ध्यान चरण में हो लगा मन राखो

नजदीक दुर्गा मां में आसथा जब जब कोई

लगाए फर्श से मां अर्श पे पल में दे

बिठाए दुर्गा मां की भक्ति से खुश हो

आशुतोष गलतियां भी माफ हो मिटते अवगुण

दोष दुर्गा मां के मंदिर में उठते जाग

नसीब सारे झंझट छोड़ के रहिए जरा

करीब दुर्गा बड़ी दया विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर तत्काल

[संगीत]

[प्रशंसा] दुर्गा राध देवी को दीजो जीवन

डोर दुर्गा खड़े हर लेगी दे चरणन में

ठोर सच्चे सेवक दास को देती प्यार

दुलार दुर्गा मां का आचल ही ममता का

भंडार मनोकामना पूर्ण हो टिका रहे

विश्वास दुर्गा मां की कृपा से हो जाए

प्रकाश दुर्गा मां के नाम से हो जाए

अनुराग जीवन जीना आएगा हरियल भक्ति

बाग दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

[संगीत] तत्काल छल कपट आडंबर से अपना लो मुह मो

मोड़ दुर्गा मां के सुमिरन से ना ताले ना

जोड़ दुर्गा मां की पूजा से तर गए साधु

संत नूर बड़ा छाएगा भक्ति के उपरांत

दुर्गा का सिर हाथ हो मिटते सभी

कलेश जहां दुर्गा का वास हो आए वही

महेश दास कमल सिंह दुर्गा का तारन हारा

नाम भक्त सभी है गा रहे मिले मोक्ष का

धाम दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर

तत्काल दुर्गा बड़ी दयाल विपदा हर तत्काल

[संगीत]

[प्रशंसा]

[संगीत]

[संगीत] मंगलमई मां दुर्गा

भवानी जय कल्याणी जय

वरदानी जय कल्याणी जय

वरदानी मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी

मां मां दुर्गमा तेरी जय जय देवी

मा कण कण में तेरे दर्शन

पाए बनके आराधक महिमा

गाए बनके आराधक महिमा

गाए मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी

मां मां दुर्गा मा तेरी जय जय देवी मां

[प्रशंसा]

[प्रशंसा] [संगीत]

अग्न गगन जल धरा की

दाती सृष्टि जीवन तुमसे

पाती सृष्टि जीवन तुमसे

पाती मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी

मां मां दुर्गमा तेरी जय जय दे

मा नौ रूपों में जग

विख्यात आदि शक्ति तुम दुर्गे

माता आदि शक्ति तुम दुर्गे

माता मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी

मां मा दुर्गमा तेरी जय जय देवी मां

[संगीत] [प्रशंसा]

[संगीत]

दैत्य बने जब दुख के

कारण ऋषियों के किए कष्ट

निवारण ऋषियों के किए कष्ट

निवारण मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मा

मां दुर्गमा तेरी जय जय दे

मा दुर्गा रूप अति शक्तिशाली

धन धान्य सुख देने

वाली धन धान्य सुख देने

वाली मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

मां दुर्गमा तेरी जय जय देवी

मां भगवती दुर्गा भवानी जिस पर अपनी कृपा करती है वह भय मुक्त बन जाता है माता

दुर्गा का रूप बहुत शक्तिशाली रहा है क्या छोटे दैत्य क्या बड़े राक्षस सब दुर्गा

माता की शक्ति से थर थर कांपते हैं धर्म कर्म से विमुख इंसानों को मैया सही रास्ते

पर ले ही आती महिषासुर का मर्दन

कीना शक्ति स्वरूपा अभय

वदीना शक्ति स्वरूपा अभ

वर्दी मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे मा

मा दुर्गा मा तेरी जय जय

मा सिंह वाहिनी बनी

सुकुमारी दुर्गा रूप में देवों की

प्यारी दुर्गा रूप में देवों की प्यारी मा

दुर्गा मां तेरी जय जगदंबे मां मां

दुर्गमा तेरी जय जय देवी मां

[संगीत] [प्रशंसा]

[संगीत]

शत्रु हनन को चार

भुजा अस्त्र शस्त्र शोभा है

पाए अस्त्र शस्त्र शोभा है

पाए मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मा मा

दुर्गमा तेरे जय जय मा अंबिका

गौरी कहीं महाकाली हे

माते तेरी शक्ति निराली हे

माते तेरी शक्ति निराली मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे

मां मा दुर्गमा तेरी जय जय देवी मां

[प्रशंसा]

[प्रशंसा] [संगीत]

देवों की रक्षक दैत्य

संघार प्रचंड पुंज है जग

महतारी प्रचंड पुंज है जग

महतारी मां दुर्गा मां तेरी जय जगदंबे मां

मां दुर्गमा तेरी जय जय देवी

मां जग जननी परम कल्याणमयी माता श्री दुर्गा नौ रूपों में निज भक्तों को भव

बंधन से पार उतारती है भक्ति के मार्ग पर जो बाधा आने लगती है दुर्गा माता उसे दूर

करने में देर नहीं लगाती जब पाप बढ़ने लगता है तब देवों की

रक्षक बनकर अस्त्र शस्त्र उठाकर चंडी रूप धर लेती है जय जय मां दुर्गा भवानी ना ही

आदि ना तेरा अंता सिमरन करे नित मुनि जन

संता सिमिरन करे नित मुनि जन संता मां

दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

मा दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

[संगीत] [प्रशंसा]

[संगीत]

संत कहे ना संशय में

पड़िए जग जननी की पूजा

करिए जग जननी की पूजा करिए मां दुर्गा मां तेरी जय

जय अंबे मां मा दुर्गमा

तेरी जय जय देवी मां नौ

महाविद्या तू ही महामाया वेद

पुराणों ने गुण गाया वेद

पुराणों ने है गुण गाया मां दुर्गा मां

तेरी जय जय देवी मां मा दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

[प्रशंसा]

[प्रशंसा] [संगीत]

हरि प्रिया कहीं शिव की

शक्ति नारद शारद करें तेरी

भक्ति नारद शारद करें तेरी भक्ति मां दुर्गा मां तेरी

जय जय देवी मां मां दुर्गमा

तेरी जय जय देवी मां जप तप

मंत्र अति सुख देवा सर्व जगत तेरी कता

सेवा सर्व जगत तेरी करता सेवा मां दुर्गा

मां तेरी जय जगदंबे मां मां दुर्गा मां

तेरे जय जय देवी मां [संगीत]

[प्रशंसा]

[संगीत]

निज भक्तन का मन नहीं

तरसे कृपा रूपी मां अमृत वर

से कृपा रूपी मां अमृत बर से मां दुर्गा मां तेरी

जय जय अंबे मां मा दुर्गमा

तेरी जय जय देवी मां दुर्गा माता के नौ रूप प्रमुख है सभी

मातृ शक्तियां भगवती भवानी का ही अंश अथवा पूर्ण अवतार है जब जब धरा पर माता दुर्गा

के भक्तों की अभिलाषा पूरी नहीं होती मां अपने बच्चों को तरसने नहीं देती कृपा की

बरसात कर देती है जय जय दुर्गा भवानी तन

मन धन सब वारे सवाली दुर्गा कहे चाहे मा शेरा

वाली दुर्गा कहे चाहे मां शेरा वाली मां

दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां मां

दुर्गामा तेरी जय जय देवी [प्रशंसा]

[प्रशंसा] [संगीत]

मां निज भक्त न के दोष ना

लखती हाथ शीष पे ममता का

रखती हाथ शीश पे ममता का रखती मां दुर्गा

मां तेरी जय जगदंबे मां मा दुर्गा मां

तेरी जय जय देवी मां पूर्ण

कामना करने वाली सबकी

झोलियां भरने वाली सबकी

झोलिया भरने वाली मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे मां

मा दुर्गामा तेरी जय जय देवी

[संगीत] [प्रशंसा]

[संगीत]

मां सेवन पूजन करे जो

कोई सफल मनोरथ पल में

होई सफल मनोरथ पल में होई मां दुर्गा मां तेरी जय

जय देवी मां मां दुर्गा मां तेरी जय जय

देवी मां माता दुर्गा केवल भक्ति भाव की भूखी है

भक्त के मन का भाव जानकर उस पर दयाल हो जाती हैं जो भक्त सेवा पूजन कीर्तन से मां

को मनाता है तब मां भी अपने भक्त की बात मानती है भव सागर में नैया को मैया

डगमगाने नहीं देती जय हो मेरी दुर्गा मैया

की परमानंद है शरण

तुम्हारी ममतामई मां जग

बलिहारी ममतामई मां जग

बलिहारी मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे

मां मां दुर्गा मा तेरे जय जय देवी मां

[प्रशंसा]

[प्रशंसा] [संगीत]

भक्त तेरे तेरी महि मा

गाते नौ दिन के जब हो [संगीत]

नवराते नौ दिन के जब हो

नवराते मां दुर्गा मां तेरी जय जगदंबे मां

मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी

मां दन ही भी बने

बलवाना शक्ति तेरी को जिसने

पहचाना शक्ति तेरी को जिसने

पहचाना मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे

मां मां दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

[संगीत] [प्रशंसा]

[संगीत]

धूप दीप जो च से

जलावे मांगी मुराद वो जन

पावे मांगी मुराद भोजन पावे मां दुर्गा मा तेरी जय जय

देवी मां मा दुर्गमा तेरी जय जय देवी

मां और वा दूसरा ना कोई

दूजा दास कमल सिंह करे नित

पूजा दास कमल सिंह कर नित

पूजा मां दुर्गा मां तेरी जय जय अंबे मां

मा दुर्गा मां तेरी जय जय देवी मां

[संगीत]

[संगीत] हम भी तू है जगद लंबे काली जय दुर्ग खप्पर

वाली तेरे ही गुण गावे भारतीयों मैया हम सब उतारे तेरी

आरती अंबे तू है जगदंबे काली जय दुर्गे

खप्पर वाली तेरे ही गुड़ गाए भारती ओ मैया

हम सब उतारे तेरी आरती

जय जय मां जय जय [संगीत]

मां जय जय जय [संगीत]

मां तेरे भक्त जनों पर माता भीर पड़ी है

भारी भीड़ पड़ी है भारी दानो दल पर टूट

पड़ो मां करके सिंह सवारी करके सिंह सवारी

तेरे भक्त जनों पर माता भीड़ पड़ी है भारी

भीड़ पड़ी है भारी दानो दल पर टूट पड़ो मां करके सिंह सवारी करके सिंह सवारी

स सिंघ से है बलशाली अष्ट भुजाओं वाली

दुष्टों को तू ही ललका आरती ओ मैया हम सब उतारे तेरी

आरती हम तू है जगदंबे काली जय दुर्गे खपर

वाली तेरे ही घोड़ गाए भारती ओ मैया हम सब

उतारे तेरी आरती [संगीत]

[संगीत]

मां बेटी का है इस जग में बड़ा ही निर्मल नाता बड़ा ही निर्मल नाता पूत कपत सुनी है

परना माता सुनी को माता माता सुनी को माता

मां बेटे का है इस जग में बड़ा ही निर्मल नाता बड़ा ही निर्मल नाता पूत कपत सुनी है

पर ना माता सुनी कु माता ना माता सुनी कु माता सब पे करुणा दर्शाने वाली अमृत

बरसाने वाली दुखियों के दुखड़े नि वारती ओ

मैया हम सब उतारे तेरी आरती

तू है जगदंबे काली जय दुर्गे खपर वाली

तेरे ही गुण गाए भारती ओ मैया हम सब उतारे

तेरी आरती जय जय

मां जय जय [संगीत] मां जय जय जय मां

[संगीत]

नहीं मांगती धन और दौलत ना चांदी ना सोना

ना चांदी ना सोना हम तो मांगे मां तेर चरणों में छोटा सा कोना एक छोटा सा कोना

नहीं मांगते धन और दौलत ना चांदी ना सोना

ना चांदी ना सोना तू मांगे मां तेरे चरणों में छोटा सा

कोना एक छोटा सा कोना सबकी बिगड़ी बनाने

वाली लाज बचाने वाली सत्यं की सत को स

वारती ओ मैया हम सब उधार तेरी आरती अमी तू

है जगदंबे काली जय दुर्गे खबर वाली तेरे

ही गड़ गाए भारती ओ मैया हम सब उतार तेरी

[संगीत]

[संगीत] आरती चरण ण में खड़ी तुम्हारी ले पूजा की

थाली ले पूजा की थाली वरद हस्त सर पर रख

दो मां संकट हरने वाली मां संकट हरने वाली

चर्म शरण में खड़ी तुम्हारी ले पूजा की थाली ले पूजा की थाली वरद हस्त सर पर रख

दो मां संकट हरने वाली मां संकट हरने वाली

तू भक्ति रस प्याली माता अष्ट भुजाओं वाली

भक्तों के कारज तू ही सरती ओ मैया हम सब

उतारे तेरी आरती अे तू है जगदंबे काली जय दुर्गे

खप्पर वाली तेरे ही गोड़ गाए भारती ओ मैया

हम सब उतारे तेरी आरती [संगीत]

[संगीत]

[प्रशंसा]

नमो नमो दुर्गे सुख करनी नमो नमो अंबे दुख

हरनी निराकार है ज्योति

तुम्हारी ति लोक फैली

उजियारी शशिला लात मुख महा

विशाला नेत्र लाल भकती बराला

रूप मातु को अधिक सुहावे दर्श करत जन अति सुख

पावे तुम संसार शक्ति मय

कीना पालन हेतु अनन धन

दीना अन पूर्णा हुई जग

पाला तुम ही आदि सुंदर हरे

[संगीत]

वाला प्रलय काल सब नाश

हारी तुम गौरी शिव शंकर

प्यारी शिव योगी रे गुण

गावे ब्रह विष्णु तुमहे नित

ध्यावे रूप सरस्वती को तुम

धारा दे सु बुधेर शमनी न उ

बारा धरा रूप नरसिंह को

अंबा प्रगट भई भाड़ कर

खंबा रक्षा करी प्रहलाद बचा

हिर कुश को स्वर्ग बतायो लक्ष्मी रूप धरो जग

माही श्री नारायण अंग समाई

[संगीत]

[प्रशंसा]

छीर सिंधु में करत विलासा दया सिंधु दी ज मन

आसा हिंगलाज में तुम ही

भवानी महिमा अमित ना जात बखानी

मातंगी धूमावती माता

भुवनेश्वरी बगला सुखदाता श्री भैरव तारा

जगतानी छिन्न भाल भव दुख

निवारनी के हरि वाहन सोही

भवानी लांगुर वीर चलत अग

वानी करमी ख पर खड़ग

बराजी जाको देख काल डर

[संगीत]

भाजी सोहे अस्त्र और तिर

शोला जाती त शत्रु ही अ

शोला नाग कोट में तुम ही

विराजत ति लोक में डंका

बाजत शुंभ नि शुंभ दानव तुम

मरी रक्त बीज शंख न

सहारी महिषा सुर नृप अति अभिमानी

जही अधिभार महि अ कुलानी रूप कर राल काली को

धारा सेना सहित तुम तीही

संगरा परि गाड़ संतन पर जब जब भई सहाय मात

तुम तब तब

[संगीत]

[प्रशंसा]

अमरपुरी और सबलो का तब महिमा सब रए

अशोका ला में है ज्योति तुम्हारी तुमहे सदा पूजे नर

नारी प्रेम भक्ति से जो जश

गाव दुख दारिद्रय नहीं

आवे ध्यावे जो नरा मरा दना

लाई जन्म मरण ता को छूटी

जोगी सुरा मुनि कहत पुकारी योग नहीं बिन शति

तुम्हारी शंकर अचार ज तप

कीनो काम रो क्रोध सब लीनो

[संगीत]

निश दिन ध्यान धरो शंकर को काहो काल नहीं

सुमिरो तुमको शक्ति रूप को मरमन

पायो शक्ति गई तब मन पछ

दयो शरणागत हुई कीर्ति बखानी

जय जय जय जगदंब भवानी भई प्रसन्न आदि

जगदंबा दय शक्ति नहीं कीन

विलंबा मोको मात कपट अति

घेरो तुम बिन कौन हरे दुख

मेरो आशा तृष्णा निपट

सतावे रिप मोख मोही अति डर

[संगीत]

[प्रशंसा]

पावे शत्रु ना श की जय

महारानी सुमिरो एक चित तुम्हे

भवानी करो कृपा ही मात

दयाला रिध सध दे कर आऊ

रिहाला जब लग जियो दया फल

पाऊ रो जस में सदा सुनाऊ

दुर्गा चालीसा जोनर गावे सब सुख भोग परम पद

पावे देवी दास शरण निज

जानी करहो कृपा जगदंब [संगीत]

भवानी शरणागत रक्षा कर

भक्त रहेनी शंक मैं आया तेरी शरण

में मातली जी अंक

[संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

आज कल की नहीं हजारों आज कल की नहीं

हजारों साल पुरानी भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो सत्य कहानी है सतयुग की सत्य

कहानी है सतयुग की वेद बखानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भक्तो दुर्गमा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

भगतो कैसी मां की हुई उत्पत्ति कथा सुनाऊं

सारी कैसे पाए अद्भुत शक्ति कथा सुनाऊं

सारी मिली कहां से देवी मां को अस्त्र शस्त्र पर

भावी रूप विराट बनाकर हुई क्यों महिषासुर

पे हावी किसके कारण जन्मी देवी सारा भेद

बताऊं कर्म से सारी बात बताऊं ना कोई तथ्य

छुपाऊं क्यों देवों ने कहे

पुकारा क्यों देवों ने कहे पुकारा आदि भवानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत]

महिषासुर एक असुर हुआ था महाबली

बलशाली उसके अन्या से धरती हुई धर्म से

खाली यग हवन को छोड़ ब्राह्मण लग गए जान

बचाने गुफा कंदरा में छिपकर वो जीवन लग

बिताने महिषासुर अब देवताओं से लगा युद्ध

में भिड़ने इंद्रपुरी को छीन इंद्र से शासन

लगाव करने स्वर्ग लोक में उसकी

पताका स्वर्ग लोक में उसकी पता का फर फर

लहराने भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तों [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

सभी देवता हो के पराजित गए ब्रह्मा के

द्वारे ब्रह्मा जी को शीष झुकाकर मिलकर

बोले सारे महिषासुर के अन्या से मुश्किल हुआ है

जीना उसके डर के मारे भूले हम सब खाना

पीना हम आए हैं शरण तुम्हारी हमें बचाओ

भगवन कैसे इसका वध होगा वो यतन बताओ

भगवन समझ गए ब्रह्मा जी

उनकी समझ गए ब्रह्मा जी उनकी सब परेशानी

भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

ब्रह्मा बोली प्राप्त है उसको दिव्य शक्तियां

सारी पुका वध कर सकती केवल कोई कन्या को

वारी ब्रह्मा जी की सुनके वाणी लंगे वो

अच्छा करने एक जगह पे अपने तेज को लगे इकट्ठा

करने उसी तेज से एक देवी का जन्म हुआ था

भक्तो देख के देवी देवों का मन मगन हुआ था

भक्तों देवताओं ने देव से [संगीत]

मिलकर देवताओं ने देव से मिलकर तेज निशानी

भक्तों मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तो मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तो [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

शंकर जी के तेज से उसके मुख की रचना हुई

थी विष्णु जी के तेज से उसके हाथ की रचना

हुई थी ब्रह्मा जी के तेज से उस के दोनों पैर

बने थे और यमराज के तेज से उसके मस्तक केश बने

थे चंद्रमा के तेज से उसके स्तन बने थे

भक्तों पृथ्वी मां के तेज से उसके नितंब बने थे

भक्तों इंद्रराज के तेज ने दी थी

इंद्रराज की तेज ने दी थी कमर जनानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तों [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

वरुण देव के तेज से उसकी जांग भनी थी

भक्तों प्रजापति के तेज से उसकी दांत बनी

थी भगतो बनी पैर की उंगली सारी सूरते जिसे

भक्तो उसके दोनों नेत्र बने थे अग्नि देव

से भक्तों बनी थी उसकी दोनों भोह संध्या तेज

से भक्तों दोनों कान बने थे उसकी वायु तेज से

भक्तो अन्य देवताओं ने द

अन्य देवताओं ने दिए अंग नूरानी

भक्तो मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तो मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तो [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

मन में सोचे सभी देवता कैसे ये काम

करेगी रणभूमि में बिना अस् के कैसे संघार

करेगी तभी उसे तेरे शूल दे दिया शंकर जी

ने अपना चक्र सुदर्शन दे दिया उसको विष्णु जी

ने अपना हनुमान ने गदा थमाई धनुष दिया रघुवर

ने अग्नि देव ने दे दिया तरकश दिया था ख

वरुण ने प्रजापति ने मणि की

माला प्रजापति ने मणि की माला दी मन भानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भक्तों दुर्गामा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भग [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

तू लक्ष्मी जी ने फूल कमल का साथ दिया

देवी को शेष ना नागने मणियों वाला नाग दिया

देवी को तीर और पाश दिए थे उसको वरुण देव ने

भक्तों चारों वेद दिए थे उसको ब्रह्मदेव

ने भक्तों दिया हिमालय पर्वत ने भी उसको शेर

का वाहन सागर ने कुंडल घुंगरू चुना मणी और

कंगन हार और कपड़े दिए सागर

ने हार और कपड़े ने सागर ने बड़े लासानी

भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भगतो दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहा

नी

[संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

भगतो सब देवों की तेज से मिलके देवी

दुर्गा बनी थी अस्त्र शस्त्र जब लिए हाथ

में भो ही उसकी तनी थी फिर देवी ने शिव से पूछा किसलिए मुझे

बनाया तब कारण श्री शंकर जी ने देवी को

बतलाया अत्याचारी महिषासुर का वध कर ना है

तुमको देवताओं के अंतर मन का दुख हरना है

तुमको फिर देवी ने सिं नाद

कर फिर देवी ने सिं नाद कर करी रवानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी भक्तों

दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

[संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

भक्तों स्वर्ग कक में जा देवी ने महिषासुर

ललकारा सेना जब लड़ने को आई देवी ने उसे

मारा मारी गई जब सारी सेना तब महिषासुर

आया देवी मां के आगे आकर तण कौशल

खलाया युद्ध चला नौ दिन तक भगतो देवी और

असुर का सफल हुआ ना अस्त्र भी कोई उस

बलशाली असुर का उसके ऊपर भारी पड़

[संगीत] गई उसके ऊपर भारी पड़ गई आद भवानी

भक्तो मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो मां दुर्गा की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भगतो [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

अगले पल ही उस राक्षस ने भैसा रूप

बनाया देवी मां का वध करने को ऊपर चढ़ के

आया तभी भगवती मा ने उसको नाखूनों से

फड़ा घायल होकर बड़े शर से महिषा सुर

चितकारा रण में अपनी हार देख के मन सोचे

[संगीत] असुरारी क्यों मेरे अस्त्रों की शक्ति एक

स्त्री से हारी देख के शक्ति उस देवी

की देख के शक्ति उस देवी की हुई हैरानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो कहानी

भक्तों दुर्गा मां की उत्पत्ति की सुनो

कहानी भक्तों [संगीत]

[प्रशंसा] [संगीत]

उस समय श्री ब्रह्मा जी का याद सेवर

आया वद होगा स्त्री के हाथों सोच के मन

घबराया अब मेरा वध निश्चित होगा समय आ गया

मेरा नहीं देखने मिले मुझको कल का नया

सवेरा देवी माने महिषासुर को दशमी के दिन

मारा सब देवों ने मिलके लगाया देवी का

जयकारा कहे अनाड़े देवताओं

की कहे अनाड़ी देवताओं की मिट्टी पर

परेशानी भक्तों दुर्गा उत्पत्ति की पूरी हुई कहानी

भक्तों दुर्गा उत्पत्ति की पूरी हुई

कहानी भगतो [संगीत]

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